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अफवाह ने लिया हिंसक रूप, LPU और चित्कारा में कैसे भड़की हिंसा?

सोशल मीडिया पर फैली अफवाहों ने पंजाब की LPU और चित्कारा यूनिवर्सिटी में छात्रों के बीच हिंसक प्रदर्शन और तोड़फोड़ को जन्म दिया। दोनों मामलों में शुरुआती पुलिस जांच में नहीं हुई अफवाहों की पुष्टि

Online Desk
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30 September 2026, 9:51 am• 4 min read

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अफवाह ने लिया हिंसक रूप, LPU और चित्कारा में कैसे भड़की हिंसा?

लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी में 27 सितंबर को सोशल मीडिया पर एक खबर फैली. गर्ल्स हॉस्टल3 में कमरा नंबर 504 में छात्रा के साथ किसी बाहरी व्यक्ति ने  रेप किया है. ये खबर इतनी तेजी से फैली कि सभी छात्रों को यूनिवर्सिटी गेट पर बुलाया गया. जिसके बाद एलपीयू में तोड़फोड़ शुरू हुई. बच्चों के आरोप थे कि यूनिवर्सिटी में रेप और आत्महत्या जैसे मामलों को दबाने की कोशिश की जाती है. लोगों ने तोड़फोड़ के साथ पुलिस की गाड़ियों को जलाया. बाहर बने मिग21 के ऊपर चढ़े, गमले मारे गए, साथ ही कुछ छात्र पिलर पर भी चढ़े. स्थिति को देखते हुए पुलिस फोर्स बढ़ाई गई. छात्रों पर लाठीचार्ज किया गया. आरोप ये भी है कि महिलाओं के ऊपर भी लाठीचार्ज हुआ.

 

पुलिस ने रेप मामले पर कोई पुष्टि नहीं की है. उनका कहना है कि ये एक अफवाह जिसके कोई भी तथ्य सामने नहीं आया है. यूनिवर्सिटी ने भी इस बात के लिए इनकार कर दिया है. किसी लड़की ने कोई एफआईआर दर्ज नहीं करवाई है और न ही किसी तरीके की शिकायत दर्ज हुई. किसी के भी परिजन पुलिस के पास शिकायत लेकर नहीं पहुंचे है.

 

एक दिन के इस पूरे हंगामे के बाद अगले दिन भी यूनिवर्सिटी में हिंसा हुई. जिसके बाद छात्रों और पुलिस के बीच झड़प हुई. पुलिस उन लोगों को पहचाने की कोशिश कर रही है कि तोड़फोड़ करने वाले लोग कौन थे. क्या बाहरी लोगों ने आकर तोड़फोड़ की. हिंसा को एक साजिश के तौर पर भी देखा जा रहा है. पुलिस दो दिन पहले हुए चित्कारा यूनिवर्सिटी की हिंसा को भी एलपीयू के साथ जोड़कर देख रही है लेकिन कोई लिंक सामने नहीं आया है. पुलिस का कहना है कि दोनों ही यूनिवर्सिटी काफी दूरी पर स्थित है तो इनका लिंक होना या न होना जांच का विषय है.

दो दिन की हिंसा के बाद यूनिवर्सिटी में 10 दिन की छुट्टी कर दी गई. कॉलेज प्रशासन की तरफ से कहा गया कि जो बच्चे घर जाना चाहते है वो जा सकते है और जो हॉस्टल में रुकना चाहते है वो हॉस्टल में ही ठहरे. पुलिस की पेटरोलिंग को भी बढ़ा दिया गया है. यूनिवर्सिटी में स्थिति को सामान्य करने की कोशिश जारी है.

 

स्टूडेंट कमेंटी और प्रशासन के बीच वार्तालाप

 

स्टूडेंट की एक कमेटी बनाई गई जिसने पुलिस प्रशासन और यूनिवर्सिटी के साथ बातचीत की. जिसमें स्टूडेंट कमेटी की सभी मांगों को सुना गया और उन पर अमल लाने के लिए कहा गया. यूनिवर्सिटी ने आश्वासन दिया कि जो भी इन सब में शामिल था उन पर कार्रवाई की जाएगी और यूनिवर्सिटी में पढ़ रहे बच्चों की सुरक्षा का भी ख्याल रखा जाएगा. पुलिस ने आश्वासन दिया कि जिन भी लोगों पर गलत लाठीचार्ज हुआ उन पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई की जाएगी.इस पूरे मामले पर अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ एफआईआर भी दर्ज की गई. साथ ही इस पूरे मामले पर एसआईटी का गठन किया गया.  स्टूडेंट कमेटी पुलिस और यूनिवर्सिटी के आश्वासन से सहमत रही.

 

 

चित्कारा यूनिवर्सिटी में कैसे फैली अफवाह

 

23 सितंबर को चित्कारा यूनिवर्सिटी में अफवाह फैली की दो लड़कियां हॉस्टल से गायब हो गई है. जिसके बाद रात को हॉरर आवाज सुनाई देती है और उसी रात एक एंबुलेंस भी कैंपस में दिखाई देती है. जिसके बाद इन सभी चीजों को लड़कियों के गायब होने से लिंक किया जाता है. ये अफवाह फैलती है कि कोई भूत हॉस्टल में है और उस एंबुलेंस का देर रात कैंपस में आना भी किसी भूतिया कहानी से जोड़ा जाता है लेकिन हुआ ये होता है कि कोई हॉरर आवाज का अपने दोस्तों के साथ प्रेंक किया होता है और देर रात कैंपस में एंबुलेंस एक बीमार लड़की को हॉस्टल छोड़ने के लिए आई होती है. बच्चों के पास ये जानकारी देरी से पहुंचती है. जिसके बाद पुलिस में उस व्हटसेप मैसेज के तर्ज पर पुलिस और यूनिवर्सिटी प्रशासन से कार्रवाई की मांग करते है जिसके बाद यूनिवर्सिटी में बड़ी संख्या में एकत्रित होते है और पुलिस की गाड़ियों के साथ तोड़फोड़ होती है.

 

पुलिस की प्राथमिक जांच में ये खबर अफवाह निकलती है. क्योंकि कोई भी ये साबित नहीं कर पाते है कि कौन सी लड़कियां होस्टल से गायब हुई है हालांकि इसके बाद भी पुलिस शिकायत दर्ज करके कार्रवाई का आश्वासन देती है.